|| पीएम गतिशक्ति योजना से इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को नई गति देने के लिए कार्यशाला आयोजित ||
22 Jul 2026 • Admin • 👁 8,800 Views
जगदलपुर:- बुनियादी ढांचों के त्वरित विकास और बेहतर कनेक्टिविटी के जरिए प्रगति को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के उद्देश्य से कलेक्टोरेट स्थित प्रेरणा हॉल में 'प्रधानमंत्री गतिशक्ति योजना' पर आधारित एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में उपस्थित उद्योग संचालनालय की मास्टर्स ट्रेनर्स सहायक संचालक सुश्री कुमुद मिश्रा ने योजना के प्रमुख उद्देश्यों पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया कि इस योजना का मूल ध्येय सड़क, रेल, हवाई, बंदरगाह और लॉजिस्टिक्स जैसे बहुआयामी इंफ्रास्ट्रक्चर का एकीकृत विकास करना है। इसके साथ ही राज्य के विभिन्न विभागों के डेटा को 'पीएम गतिशक्ति पोर्टल' पर एकीकृत किया जा रहा है, जिससे उद्योग, कृषि, खनन और पर्यटन जैसे प्रमुख क्षेत्रों में निर्बाध कनेक्टिविटी विकसित की जा सकेगी।
प्रशिक्षण सत्र के दौरान पीपीटी और ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से योजना में पंजीकरण की संपूर्ण प्रक्रिया साझा की गई।
मास्टर्स ट्रेनर्स सुश्री कुमुद मिश्रा ने बताया कि जीआईएस-आधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म के प्रयोग से विभिन्न विभागों की परियोजनाओं के क्रियान्वयन में अप्रत्याशित तेजी आएगी और संसाधनों का पारदर्शी व समुचित उपयोग सुनिश्चित होगा, जिससे बेवजह के विलंब तथा अतिरिक्त लागत में कमी लाई जा सकेगी। उन्होंने संतुलित और समावेशी विकास के लिए सभी संबंधित विभागों के बीच परस्पर समन्वय और पोर्टल पर शत-प्रतिशत पंजीकरण को अत्यंत आवश्यक बताया ताकि भविष्य के लिए और भी बेहतर परियोजनाएं तैयार की जा सकें। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री सीपी बघेल, जिला उद्योग केंद्र के मुख्य महाप्रबंधक श्री अजीत सुंदर बिलुंग सहित विभिन्न शासकीय विभागों के वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी बड़ी संख्या में मौजूद रहे।
प्रशिक्षण सत्र के दौरान पीपीटी और ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से योजना में पंजीकरण की संपूर्ण प्रक्रिया साझा की गई।
मास्टर्स ट्रेनर्स सुश्री कुमुद मिश्रा ने बताया कि जीआईएस-आधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म के प्रयोग से विभिन्न विभागों की परियोजनाओं के क्रियान्वयन में अप्रत्याशित तेजी आएगी और संसाधनों का पारदर्शी व समुचित उपयोग सुनिश्चित होगा, जिससे बेवजह के विलंब तथा अतिरिक्त लागत में कमी लाई जा सकेगी। उन्होंने संतुलित और समावेशी विकास के लिए सभी संबंधित विभागों के बीच परस्पर समन्वय और पोर्टल पर शत-प्रतिशत पंजीकरण को अत्यंत आवश्यक बताया ताकि भविष्य के लिए और भी बेहतर परियोजनाएं तैयार की जा सकें। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री सीपी बघेल, जिला उद्योग केंद्र के मुख्य महाप्रबंधक श्री अजीत सुंदर बिलुंग सहित विभिन्न शासकीय विभागों के वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी बड़ी संख्या में मौजूद रहे।