डॉक्टर से 40 लाख की ठगी का आरोप, भाई की मौत का राज बताने के नाम पर तांत्रिक ने बनाया शिकार
07 Jul 2026 • Admin • 👁 6,398 Views
गाजियाबाद निवासी डॉक्टर त्रृषभ चौबे के भाई की इंदौर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। भाई की मौत के कारणों का पता लगाने की कोशिश में उन्होंने रायपुर के कथित तांत्रिक बाबा नरेंद्र नयन शास्त्री से संपर्क किया।
रायपुर। राजधानी रायपुर में एक कथित तांत्रिक पर डॉक्टर से करीब 40 लाख रुपये की ठगी करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि भाई की संदिग्ध मौत का रहस्य बताने का झांसा देकर तांत्रिक ने डॉक्टर से नगदी और एक XUV वाहन तक ले लिया।
जानकारी के अनुसार, गाजियाबाद निवासी डॉक्टर त्रृषभ चौबे के भाई की इंदौर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। भाई की मौत के कारणों का पता लगाने की कोशिश में उन्होंने रायपुर के कथित तांत्रिक बाबा नरेंद्र नयन शास्त्री से संपर्क किया।
पीड़ित का आरोप है कि तांत्रिक ने विशेष पूजा और भाई की मौत का रहस्य उजागर करने का दावा करते हुए उनसे लगभग 40 लाख रुपये, नगदी और एक XUV वाहन ले लिया। इसके बाद न तो कोई जानकारी दी गई और न ही आरोपी से संपर्क हो सका।
ठगी का एहसास होने पर डॉक्टर ने खम्हारडीह थाना में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार आरोपी तांत्रिक फिलहाल फरार है और उसकी तलाश की जा रही है।यदि यह खबर प्रकाशित की जानी है, तो शीर्षक में "आरोप" और "कथित" जैसे शब्दों का प्रयोग करना कानूनी दृष्टि से अधिक उपयुक्त रहता है, क्योंकि मामला अभी जांच के अधीन है।
जानकारी के अनुसार, गाजियाबाद निवासी डॉक्टर त्रृषभ चौबे के भाई की इंदौर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। भाई की मौत के कारणों का पता लगाने की कोशिश में उन्होंने रायपुर के कथित तांत्रिक बाबा नरेंद्र नयन शास्त्री से संपर्क किया।
पीड़ित का आरोप है कि तांत्रिक ने विशेष पूजा और भाई की मौत का रहस्य उजागर करने का दावा करते हुए उनसे लगभग 40 लाख रुपये, नगदी और एक XUV वाहन ले लिया। इसके बाद न तो कोई जानकारी दी गई और न ही आरोपी से संपर्क हो सका।
ठगी का एहसास होने पर डॉक्टर ने खम्हारडीह थाना में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार आरोपी तांत्रिक फिलहाल फरार है और उसकी तलाश की जा रही है।यदि यह खबर प्रकाशित की जानी है, तो शीर्षक में "आरोप" और "कथित" जैसे शब्दों का प्रयोग करना कानूनी दृष्टि से अधिक उपयुक्त रहता है, क्योंकि मामला अभी जांच के अधीन है।